रुद्रप्रयाग में विधायक भरत सिंह चौधरी को उस वक्त एक प्रोग्राम छोड़ कर भागना पड़ा, जब ग्रामीणों ने हंगामा कर दिया।
विधायक भरत सिंह चौधरी मुसाढूंग-पाली रोड का शिलान्यास करने पहुंचे थे। यहीं विधायक को देख पहले तो ग्रामीणों ने हंगामा शुरू किया, धीरे-धीरे आक्रोश इतना बढ़ गया कि लोगों ने शिलान्यास का बोर्ड उखाड़ कर खाई में फेंक दिया। दरअसल सिमली गांव पहले ही सड़क बनने की वजह से भू-स्खलन की जद में है और नई सड़क बनने से गांव के अस्तित्व को खतरा हो जाएगा। ग्रामीण इसी को लेकर विधायक को मनाने की कोशिश कर रहे थे। इस बात के लिए विधायक भरत चौधरी ग्रामीणों की बात मानने को तैयार नहीं थे। ऐसे में ग्रामीणों ने जमकर हंगामा किया, माहौल बिगड़ता देखकर बीजेपी विधायक को उल्टे पांव लौटना पड़ा। फिलहाल गांव वालों के दबाव के कारण सड़क बनाने का काम रोक दिया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि वहां से सड़क बनने ही नहीं दी जाएगी।
वहीं इस पूरे मसले पर विधायक भरत सिहं चैधरी का कहना है कि विकास के कामों में बाधा पहुंचाने के लिए राजनीतिक विरोधी उनके खिलाफ षड़यंत्र रच रहे हैं।
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