फोटो: सोशल मीडिया
उत्तराखंड के द्वाराहाट से बीजेपी विधायक महेश नेगी पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाने वाली महिला पर प्रशासन ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है।
जानकारी के मुताबिक बाल अधिकार एवं संरक्षण आयोग ने एसएसपी देहरादून को जांच के आदेश दिए हैं, साथ ही DNA करने वाली लैब के खिलाफ और उस डॉक्टर के खिलाफ भी जांच का आदेश दिया है जिसने डीएनए के लिए लिखा था। आपको बता दें, आरोपी महिला ने अपनी बेटी का DNA टेस्ट कराने की बात कही है।
गौरतलब है कि विधायक पर आरोप लगाने वाली महिला ने डीएनए जांच का हवाला देते हुए कहा था कि उसके पति से उसकी बेटी के डीएनए का मिलान नहीं हुआ है। महिला ने विधायक के साथ संबंधो का हवाला देते हुए उनका भी DNA जांच किए जाने की मांग की थी। महिला ने विधायक को अपनी बेटी का वास्तवित पिता बताया है। बाल आयोग ने नोटिस जारी करते हुए कोर्ट के उस आदेश का हवाला दिया है जिसमें अदातल की मंजूरी के बिना नाबालिग का DNA टेस्ट नहीं किया जा सकता है।
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