उत्तराखंड की सरकार लगातार कोरोना पर काबू पाने के लिए राज्य के लोगों से सहयोग की अपील कर रही है।
सरकार की अपील के बावजूद कुछ लोग हैं कि सुधरने का नाम नहीं ले रहे हैं। ऐसे लोग खुद के साथ दूसरों की जिंदगी भी खतरे में डाल रहे हैं। केदारनाथ यात्रा मार्ग से जो तस्वीरें सामने आई हैं वो कोरोना संक्रमण के लिहाज से परेशान करने वाली हैं। आरोप है कि यात्रा मार्ग पर घोड़ा-खच्चर संचालक कोरोना नियमों का पालन नहीं कर रहे हैं। तस्वीरों में देखा जा सकता है कि संचालक मास्क नहीं पहने हैं। इसके अलावा सामाजिक दूरी का भी ख्याल नहीं रख रहे हैं। इनकी लापरवाही से संक्रमण फैलना का खतरा मंडराने लगा है।
हर दिन बड़ी संख्या में बाबा केदार के दर्शन के लिए यात्री पहुंच रहे हैं। यात्रियों की संख्या अब तक 58 हजार पार पहुंच गई है। बड़ी संख्या में तीर्थ यात्रियों के यहां पहुंचने से स्थानीय लोगों को रोजगार तो मिल रहा है, लेकिन कोरोना नियमों में लापरवाही से संक्रमण का खतरा बढ़ गया है।
मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. रमेश सिंह नितवाल ने कहा कि कोरोना से बचाव के लिए मास्क पहनना और सामाजिक दूरी का पालन करना बेहद जरूरी है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में केदारनाथ धाम यात्रा के लिए श्रद्धालुओं के आंकड़ों में इजाफा हुआ है। उन्होंने कहा कि ऐसे हालात में संक्रमण फैलने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता है।
मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि केदारनाथ धाम में यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए कुछ दिन पहले विभाग द्वारा 55 घोड़ा-खच्चर संचालकों की कोरोना जांच कराई गई थी। उनकी जांच रिपोर्ट नेगेटिव आई थी। उन्होंने कहा आगे भी इनकी इसी तरह जांच होती रहेगी।
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बीच उत्तराखंड में भी प्रश्नपत्र लीक का…
केंद्र सरकार ने शिक्षा मंत्रालय में बड़ा बदलाव करते हुए केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी को…
शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद जंतर-मंतर पर चल रहा छात्रों का आंदोलन…
उत्तराखंड के चमोली विकास परियोजनाओं को नई रफ्तार देते हुए राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह…
उत्तराखंड के चमोली जिले स्थित श्री बद्रीनाथ धाम में दान के प्रबंधन को लेकर सामने…
दिल्ली में झुग्गी बस्तियों को हटाकर लोगों को पुनर्वास स्थलों पर भेजने की प्रक्रिया पर…
This website uses cookies.