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‘आप’ सांसद संजय सिंह ने डॉ. कफील को क्लीन चिट मिलने के बाद कई वरिष्ठ पत्रकारों पर उठाए सवाल, पूछा अब कहां है मीडिया के फर्जी सूरमा?

गोरखपुर के BRD मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन की कमी से हुई बच्चों की मौत के मामले में डॉ. कफील खान को क्लीन चिट मिल गई है। कफील खान को क्लीन चिट मिलने के बाद AAP  के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने ट्वीट कर कई वरिष्ठ पत्रकारों पर सवाल उठाए हैं।

संजय सिंह ने एक ट्वीट किया जिसमें उन्होंने कई पत्रकारों के पुराने ट्वीट का स्क्रीन शॉट शेयर किया है। AAP सांसद ने ट्वीट कर लिखा, “मीडिया की सुर्ख़ियां देखिये बीजेपी नेता रोहित सरदाना, संघ प्रचारक दीपक चौरासिया ने कफील खान को खलनायक कहा, गुनाहों का देवता कहा, योगी सरकार ने कफील खान को 8 महीने जेल में रखा। अब जब कफील खान को क्लीन चिट मिल गई है, कहां हैं ये मीडिया के फर्जी सूरमा, जिनको सुनकर आपका दिमाग प्रदूषित होता है।”

वरिष्ठ पत्रकार प्रशांत कनौजिया ने भी कफील खान को क्लीट चिट मिलने के बाद ट्वीट कर रोहित सरदाना पर निशाना साधा है। उन्होंने लिखा, ”मैं इंतज़ार कर रहा हूं कि रोहित सरदाना कब कफील खान से माफी मांगेंगे। एक बहादुर डॉक्टर को बदनाम करने की साजिश सरकार ने की ही पर इनके जैसे गोदी एंकरों ने सरकार का भोंपू बनने में कोई कसर नहीं छोड़ी”

क्या है मामला?

अगस्त 2017 में BRD मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन की कमी की वजह से 60 बच्चों की मौत हो गई थी। जिसके लिए डॉ. कफील खान को जिम्मेदार ठहराया गया। आरोप लगने के बाद कफील खान को 9 महीने तक जेल में भी रहना पड़ा। इसके बाद वो जमानत पर बाहर आए। जेल से बाहर आने के बाद वो लंबे वक्त तक निलंबित रहे। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक जांच अधिकारी हिमांशु कुमार, प्रमुख सचिव (टिकट और पंजीकरण विभाग) ने अपनी जांच रिपोर्ट में कहा है कि कफील लापरवाही के दोषी नहीं थे। रिपोर्ट में ये भी कहा गया है कि कफील 10-11 अगस्त, 2017 की रात हालात को नियंत्रित करने के लिए उन्होंने पूरी कोशिश की थी।

रिपोर्ट में इस बात का भी जिक्र किया गया है कि डॉ. कफील ने अपने सीनियर्स को ऑक्सिजन की कमी से अवगत कराया था। इसके साथ ही खुद ही इंतेजाम करके सात ऑक्सिजन सिलेंडर भी दिए थे। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि कफील अगस्त 2016 तक निजी प्रैक्टिस में शामिल थे, लेकिन उसके बाद नहीं।

क्लीन चिट मिलने पर डॉ. कफील ने क्या कहा?

कफील ने क्लीनट चिट मिलने के बावजूद पांच महीने तक उन्हें इसके बारे में नहीं बताने के लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराया है। कफील ने सरकार से पूरी घटनाक्रम के लिए सरकार को उनसे माफी मांगने के लिए कहा है। साथ ही ये भी कहा कि पूरे मामले की की सीबीआई जांच होनी चाहिए।

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