फोटो: सोशल मीडिया
करीब 27 साल पहले 1993 में फ्रॉड कर फरार होने वाले एक आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
27 साल से आरोपी अपना जुर्म छिपाकर गुमनाम जिन्दगी जी रहा था। दरअसल 1993 में आरोपी रुड़की बीईजी सेंटर में आर्मी की भर्ती में शामिल होने आया था। यहां आरोपी ने फर्जी दस्तावेज दिखाकर सेना की भर्ती प्रक्रिया में शामिल हुआ था। मामला सामने आया तो कर्नल नवकेश सिंह ने रुड़की पुलिस को तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया। तभी से आरोपी फरार चल रहा था। साल 2018 में हरिद्वार पुलिस ने फरार आरोपी पर ढाई हजार और पुलिस महानिरीक्षक गढ़वाल ने 5 हजार के इनाम की घोषणा की थी।
रुड़की सिविल लाइन कोतवाली में मामले का खुलासा करते हुए एसपी क्राइम हरिद्वार प्रदीप कुमार राय ने बताया 27 साल बाद फरार इनामी अपराधी की गिरफ्तारी की गई है। जिसमें पुलिस टीम ने बेहतर काम का प्रदर्शन करते हुए पूरी सतर्कता के साथ इस काम को अंजाम दिया। उन्होंने बताया 27 साल बाद आरोपी की गिरफ्तारी ये साबित करती है कि अपराधी कितना ही शातिर क्यों न हो पुलिस से बच नहीं सकता।
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